गुरदासपुर, 25 फरवरी (सुशील कुमार )
पुणे शहर से लेकर पंजाब के अमृतसर और गुरदासपुर जिलों तक, Centre for Youth Development and Activities (सीवाईडीए) नुकसान की कहानियों को पुनर्निर्माण और पुनरुत्थान की कहानियों में बदल रहा है।
YouthAid Foundation और UDAAN NGO के सहयोग से, सीवाईडीए ने अमृतसर जिले के रामदास में सफलतापूर्वक उद्यमिता विकास कार्यक्रम (ईडीपी) आयोजित किया। इस पहल का मुख्य उद्देश्य पंजाब में आई भीषण बाढ़ के दौरान प्रभावित हुए आजीविका साधनों को पुनः स्थापित करना है।
जब बाढ़ ने अमृतसर और गुरदासपुर जिलों के कई गांवों—जिनमें अजनाला और डेरा बाबा नानक तहसीलें शामिल हैं—को अपनी चपेट में लिया, तो इसने केवल घरों को ही नहीं, बल्कि वर्षों की मेहनत से खड़े किए गए सपनों को भी नुकसान पहुंचाया। छोटे दुकानदारों, रेहड़ी-फड़ी वालों और सूक्ष्म उद्यमियों के व्यवसाय एक ही रात में ठप हो गए। कई लोगों ने चुपचाप अपना नुकसान सहन किया और सहायता मांगने से भी हिचकिचाए।
ऐसे परिवारों के लिए सीवाईडीए आगे आया और सहयोग का हाथ बढ़ाया।
आपदा के समय त्वरित राहत प्रदान करने से लेकर पुनर्वास कार्यों का नेतृत्व करने तक, सीवाईडीए प्रभावित परिवारों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। इसकी महत्वपूर्ण पहलों में से एक सौर ऊर्जा आधारित आरओ “जलमीनार” प्रणालियों की स्थापना है, जिससे बाढ़ प्रभावित गांवों में सुरक्षित और स्वच्छ पेयजल की दीर्घकालिक एवं टिकाऊ व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।
लेकिन केवल बुनियादी ढांचे का पुनर्निर्माण ही पर्याप्त नहीं है। वास्तविक लक्ष्य लोगों का आत्मविश्वास और विश्वास पुनः स्थापित करना है।
उद्यमिता विकास कार्यक्रम के माध्यम से, सीवाईडीए न केवल वित्तीय मार्गदर्शन प्रदान कर रहा है, बल्कि लोगों के भीतर आत्मविश्वास भी जागृत कर रहा है। इस कार्यक्रम में उद्यमिता की मूलभूत जानकारी, व्यवसायिक दस्तावेज तैयार करने की प्रक्रिया, वित्तीय एवं डिजिटल साक्षरता, व्यवसाय योजना निर्माण तथा बचत एवं विकास के व्यावहारिक उपायों पर प्रशिक्षण दिया गया। यह सूक्ष्म स्तर के उद्यमियों को योजनाबद्ध तरीके से पुनः शुरुआत करने और अपने व्यवसाय को मजबूत बनाने के लिए प्रेरित करता है।
विशेष रूप से, सीवाईडीए ने उन सूक्ष्म व्यवसायियों की पहचान कर उनसे सीधे संपर्क किया, जिन्होंने बाढ़ के बाद अपना काम बंद कर दिया था। आवेदन की प्रतीक्षा करने के बजाय, संस्था स्वयं उनके घरों तक पहुंची, उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें दोबारा खड़े होने के लिए प्रोत्साहित किया।
यह प्रयास ASK Foundation के मजबूत सहयोग से संभव हो पाया, जो इस कार्यक्रम का प्रायोजक है। जब आवश्यकता सबसे अधिक थी, तब ASK Foundation ने सीवाईडीए का पूरा साथ दिया और यह सुनिश्चित किया कि राहत कार्य वास्तविक पुनर्वास और दीर्घकालिक विकास में परिवर्तित हों।
इस कार्यक्रम के दौरान मच्छीवाला, घोनेवाला और मोहम्मद मुंदरनवाला गांवों के सरपंचों तथा रामदास के वार्ड सदस्यों की उपस्थिति भी रही, जो मजबूत सामुदायिक भागीदारी और साझा जिम्मेदारी का प्रतीक है।
पंजाब अपनी उद्यमशीलता की भावना के लिए जाना जाता है। यहां हर गांव और कस्बे में छोटे व्यवसाय स्थानीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। इस पहल के माध्यम से सीवाईडीए यह सुनिश्चित कर रहा है कि किसी भी आपदा के बाद यह जज्बा कमजोर न पड़े, बल्कि और अधिक दृढ़ता के साथ उभरे।






